होली के पहले ही गुजरात, महाराष्ट्र और राजस्थान के कई इलाके लू की चपेट में हैं। गुजरात-राजस्थान के एक दर्जन से अधिक शहरों में तापमान 40 डिग्री के पार पहुंच गया है। कई स्थानों पर तापमान सामान्य से 8.8 डिग्री सेल्सियस तक अधिक है।
गुजरात, महाराष्ट्र व राजस्थान के 17 शहरों में लगातार दूसरे दिन अधिकतम तापमान 40 डिग्री से ज्यादा दर्ज हुआ। महज 3 साल के अंदर यह दूसरा मौका है जब लू का दौर मार्च के पहले पखवाड़े में आ गया है।
2022 में भी लू का पहला दौर गुजरात में 11 से 19 मार्च के बीच महसूस किया गया था। हालांकि उस वर्ष होली 8 मार्च को थी।
इस बार होली के दिन उत्तर-पश्चिमी भारत में हल्की बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि गुजरात, उससे लगे राजस्थान और पश्चिमी तट के कोंकण इलाके में गुरुवार से तापमान में कमी की संभावना है, लेकिन लू का दौर जारी रहेगा।
महाराष्ट्र के विदर्भ में 13-14 मार्च को ओडिशा में 13 से 16 मार्च के दौरान, झारखंड में 14-16 मार्च और गंगा से लगे पश्चिम बंगाल में 18 मार्च को भीषण लू चलने की आशंका जताई गई है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मप्र में भी अगले हफ्ते में लू चलने की संभावना है।
20 राज्यों में बारिश का अलर्ट
देश के 20 राज्यों में गुरुवार को बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसमें दिल्ली, पंजाब, चंडीगढ़, हरियाणा, उत्तर प्रदेश भी शामिल हैं। राजस्थान के 14 जिलों में आंधी, बारिश और ओले गिरने का अलर्ट जारी किया गया है।
देश के दक्षिणी राज्य तमिलनाडु में दो दिन से बारिश जारी है। केरल, लक्षद्वीप और तमिलनाडु के समुद्री तटों के आसपास 35 से 45 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। इसके अलावा असम और मेघालय में भी 15 मार्च तक और नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 16 मार्च तक इसी तरह का मौसम रहने का अनुमान है।
6 राज्यों में आंधी चलने की आशंका
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, उत्तर प्रदेश व बिहार में अगले एक हफ्ते के दौरान तेज हवाएं और धूल भरी आंधी चलने की भी आशंका है। दक्षिण में तेलंगाना में बुधवार लगातार दूसरा दिन रहा, जब हीटवेव चली। यहां 13 से 18 मार्च के बीच भी ऐसी स्थिति बनी रहेगी।
छत्तीसगढ़ मध्य भारत में में 3 दिन तापमान 2 डिग्री बढ़ सकता है। उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अगले 48 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव की संभावना नहीं है और उसके बाद तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने के आसार हैं।
दरअसल, अगले एक हफ्ते के दौरान कम से कम दो पश्चिमी विक्षोभ हिमालय से गुजरेंगे। इसके असर से जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचे इलाकों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश हो सकती है। 14 से 16 मार्च के बीच पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, उत्तरी मध्य प्रदेश व राजस्थान के कई इलाकों में बादल छाए रहने व कहीं-कहीं बारिश होने के भी आसार हैं।
गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, पश्चिमी राजस्थान सहित समूचे पश्चिमी भारत में भी अगले 4-5 दिनों के दौरान 2 से 3 डिग्री की गिरावट आ सकती है जबकि, छत्तीसगढ़ सहित मध्य भारत में अगले 3 दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में कम से कम 2 डिग्री सेल्सियस बढ़ने की संभावना है और उसके बाद तापमान स्थिर रहेंगे।
बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल व ओडिशा समेत पूर्वी भारत में दिन के तापमान कम से कम 5 डिग्री तक बढ़ोत्तरी की संभावना है। बिहार व झारखंड में 16 मार्च को कुछ इलाकों में हल्की बारिश के आसार हैं।
रिसर्च- बिगड़े मौसम से भारत के शहर खतरे में, 95% शहरों में या तो बाढ़ या सूखा
‘ग्लोबल वीर्डिंग’ के कारण दुनिया के 95% प्रमुख शहरों में या तो बेतहाशा बारिश हो रही है या लंबे समय तक सूखा पड़ रहा है। भारत के लखनऊ, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरु और दिल्ली जैसे शहर भी इस संकट की चपेट में हैं।
ब्रिस्टल और कार्डिफ यूनिवर्सिटी के रिसर्चर ने दुनिया के 112 प्रमुख शहरों पर अध्ययन किया। इसमें यह सामने आया कि तेजी से बदलते मौसम के कारण जलवायु संकट गहराता जा रहा है। जब रिकॉर्ड स्तर पर गर्मी, सर्दी, सूखा या बारिश होती है, तो इसे ‘ग्लोबल वीर्डिंग’ कहा जाता है।