टिकट कंफर्म न होने से 3.27 करोड़ नहीं कर पाए ट्रेन का सफर, भारतीय रेलवे पर आई चौंकाने वाली रिपोर्ट

दुनिया के सबसे बड़े रेल नेटवर्कों में से एक भारतीय रेलवे में हर दिन करोड़ों यात्री सफर करते हैं। खासकर मेल, एक्सप्रेस और सुपरफास्ट ट्रेनों की वेटिंग लिस्ट काफी लंबी होती है। वहीं, पिछले साल 3.27 करोड़ लोगों ने ट्रेन का टिकट तो ले लिया, लेकिन यात्रा के दौरान उनका टिकट कन्फर्म नहीं हो सका।

दुनिया के सबसे बड़े रेल नेटवर्कों में से एक भारतीय रेलवे में हर दिन करोड़ों यात्री सफर करते हैं। खासकर मेल, एक्सप्रेस और सुपरफास्ट ट्रेनों की वेटिंग लिस्ट काफी लंबी होती है। वहीं, पिछले साल 3.27 करोड़ लोगों ने ट्रेन का टिकट तो ले लिया, लेकिन यात्रा के दौरान उनका टिकट कन्फर्म नहीं हो सका।

लगातार बढ़ रही है संख्या

आंकड़ों के अनुसार, 2023-24 में लगभग 3 करोड़ लोग टिकट कन्फर्म न होने की वजह से यात्रा नहीं पाए थे। वहीं, 2022-23 में यह आंकड़ा 2.72 करोड़ और 2021 में 1.65 करोड़ था। जाहिर है, ट्रेनों की वेटिंग लिस्ट दिन-ब-दिन लंबी होती जा रही है।

यात्रियों की मांग पूरी करने में विफल रहा रेलवे

RTI के आंकड़े दर्शाते हैं कि ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। ट्रेनों की संख्या सीमित होने की वजह से उन्हें कन्फर्म टिकट नहीं मिल पाता है। भारतीय रेलवे आधुनिकता के साथ-साथ तेजी से तरक्की कर रहा है, लेकिन यात्रियों की मांग पूरी करने में रेलवे अभी भी काफी पीछे है।

रेलवे के नियमों में बदलाव

पिछले कुछ समय में रेलवे ने बेहतरी की तरफ बढने के कई प्रयास किए हैं। हाल ही में IRCTC ने 2.5 करोड़ यूजर आईडी को बंद कर दिया था। वहीं, पहले अब ट्रेनों के चार्ट 24 घंटे पहले बनाए जाते हैं, जिससे यात्रियों को पता चल सके कि उनकी टिकट कंफर्म हुई है या नहीं, पहले यह समय महज 4 घंटे का था।