3 लाख का वॉटर प्यूरीफायर लेकर इंदौर पहुंचे शुभमन गिल, दूषित पानी से डरी टीम इंडिया

भारतीय क्रिकेट टीम तीसरे और निर्णायक मुकाबले के लिए इंदौर पहुंच चुकी है। हाल के दिनों में इंदौर देशभर में चर्चा का केंद्र बना हुआ है, जिसकी वजह यहां का दूषित पानी है। इस पानी को पीने से कई लोगों की मौत हो चुकी है और मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। ऐसे में टीम इंडिया भी पूरी तरह सतर्क नजर आ रही है। केवल खिलाड़ी ही नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) भी इस मुद्दे को लेकर कोई जोखिम नहीं उठाना चाहता।

टीम इंडिया इंदौर के एक फाइव-स्टार होटल में ठहरी है, जहां आमतौर पर स्वच्छता और हाइजीन के उच्च मानकों का पालन किया जाता है। टीम के आगमन को देखते हुए होटल प्रबंधन ने भी अतिरिक्त इंतजाम किए हैं। इसके बावजूद, खिलाड़ियों और टीम मैनेजमेंट के बीच पानी की गुणवत्ता को लेकर चिंता बनी हुई है।

3 लाख का प्यूरीफायर

एनडीटीवी की रिपोर्ट के अनुसार, शुभमन गिल दूषित पानी से बचने के लिए अपने साथ करीब तीन लाख रुपये का अत्याधुनिक वाटर प्यूरीफायर लेकर इंदौर पहुंचे हैं। यह प्यूरीफायर न सिर्फ आरओ पानी, बल्कि बोतलबंद पानी को भी दोबारा शुद्ध करने में सक्षम है। गिल ने इस मशीन को अपने होटल के कमरे में इंस्टॉल करवाया है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि जब इस विषय पर टीम इंडिया के मीडिया मैनेजर से प्रतिक्रिया मांगी गई, तो उन्होंने कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।

होटल में पीने के सुरक्षित पानी के कई विकल्प मौजूद हैं, जिनमें आरओ और पैक्ड बोतलबंद पानी शामिल है। इसके बावजूद टीम इंडिया किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहती। पानी को लेकर भारतीय टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली पहले से ही काफी सतर्क रहते हैं और वे आमतौर पर फ्रांस से आयातित इवियान नैचुरल स्प्रिंग वाटर का ही सेवन करते हैं।

क्या है पूरा मामला

इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित पानी पीने से अब तक 23 लोगों की मौत हो चुकी है। हालांकि, मध्य प्रदेश सरकार ने हाई कोर्ट में 15 मौतों की पुष्टि की है, लेकिन मुआवजा 21 परिवारों को दिया गया है। फिलहाल छह मरीज आईसीयू में भर्ती हैं, एक को जनरल वार्ड में शिफ्ट किया गया है, जबकि तीन मरीज अभी भी वेंटिलेटर पर हैं। इस घटना के बाद राज्य सरकार को कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ा है।