अमेरिका-इजराइल हमले में ईरान के 3000 घर तबाह

अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज सातवां दिन है। ईरान की रेड क्रिसेंट सोसाइटी के मुताबिक, अमेरिका और इजराइल के हमलों से देशभर में 3000 से ज्यादा घरों और करीब 500 दुकानों को नुकसान पहुंचा है। इन हमलों का सबसे ज्यादा असर राजधानी तेहरान में हुआ है।

संस्था के मुताबिक 14 अस्पताल और मेडिसिन सेंटर्स भी हमलों में क्षतिग्रस्त हुए हैं। संस्था ने यह भी बताया कि उसके 5 राहतकर्मी इन हमलों में घायल हुए हैं।

इस जंग में अब तक ईरान के 1200 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। वहीं करीब 300 ईरानी मिसाइल लॉन्चर्स भी तबाह हो गए हैं। युद्ध की वजह से देश के ज्यादा हिस्सों में बिजली और पानी सप्लाई ठप हो गई है।

इजराइल-ईरान जंग से जुड़े बड़े अपडेट्स

ट्रम्प ने खामेनेई के बेटे को उनका उत्तराधिकारी मानने से इनकार किया।

अमेरिका-इजराइल हमलों में ईरान में 1230 लोगों की मौत।

ईरान में अब तक 1300 हमले हुए, 14 मेडिकल सेंटर निशाना बने।

ईरान में कई जगह पानी और बिजली सप्लाई ठप हुई।

इजराइल ने ईरान के 300 मिसाइल लॉन्चर तबाह किए।

ईरान बोला- कुवैत-बहरीन और UAE में 20 अमेरिकी बेस को नुकसान हुआ।

ट्रम्प बोले- ईरान मेरे बिना सुप्रीम लीडर न चुने

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि ईरान को उनके बिना नया सुप्रीम लीडर नहीं चुनना चाहिए। उन्होंने कहा कि नए नेता के चयन में अमेरिका की भूमिका जरूरी है और बिना अमेरिका की भागीदारी के ऐसा करना वक्त की बर्बादी होगी।

एक्सिओस को दिए इंटरव्यू में ट्रम्प ने कहा कि ईरान अगर अमेरिका को शामिल किए बिना नया सुप्रीम लीडर चुनता है तो इसका कोई मतलब नहीं होगा। ट्रम्प ने यह भी कहा कि अली खामेनेई के बेटे मुजतबा खामेनेई को संभावित उत्तराधिकारी माना जा रहा है, लेकिन वह इसे स्वीकार नहीं करेंगे।

उन्होंने चेतावनी दी कि अगर नया नेता भी पुराने नेतृत्व की नीतियां जारी रखता है तो अमेरिका और ईरान के बीच आने वाले वर्षों में फिर टकराव हो सकता है। ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ऐसा नेता चाहता है जो ईरान में शांति और स्थिरता ला सके।

भारत ने खामेनेई की मौत पर शोक जताया

भारत ने पहली बार ईरानी सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत पर शोक जताया है। भारत सरकार की ओर से विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित ईरान दूतावास जाकर खामेनेई के निधन पर संवेदना जताई। उन्होंने कंडोलेंस बुक (शोक पुस्तिका) पर हस्ताक्षर कर श्रद्धांजलि दी।

खामेनेई के निधन के बाद दुनियाभर के कई देशों से शोक संदेश भेजे जा रहे हैं।