स्कूलों में टेक्नोलॉजी को लेकर जो उत्साह पिछले एक दशक में बना था, अब वह धीरे-धीरे सवालों के घेरे में आता दिख रहा है। नॉर्थ कैरोलिना, वर्जीनिया, मैरीलैंड और मिशिगन सहित कुछ राज्यों ने छात्रों के लिए क्रोमबुक्स और लैपटॉप खरीदे थे। अब इन पर रोक लगा दी गई है। स्कूलों के प्रमुखों, शिक्षाविदों और पैरेंट्स ने लैपटॉप के इस्तेमाल पर रोक को छात्रों के बीच सहयोग और संवाद बढ़ाने का प्रयास बताया है।
यह टेक्नोलॉजी कंपनियों और उनके प्रोडक्ट से बच्चों और शिक्षा पर पड़ने वाले प्रभाव के प्रति बढ़ती जागरूकता का नया संकेत है। पिछले सप्ताह एक अदालत ने मेटा और यूट्यूब को बच्चों को नुकसान पहुंचाने के लिए जवाबदेह ठहराया था। 30 से अधिक राज्यों में स्कूल में मोबाइल फोन पर पाबंदी लगा दी है या उसका उपयोग सीमित कर दिया है। पिछले साल ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम आयु के बच्चों के सोशल मीडिया अकाउंट पर रोकथाम की शुरूआत की थी। अन्य देश इस पहल पर गौर कर रहे हैं।
कंसास, वरमोंट, वर्जीनिया सहित दस राज्यों ने अभी हाल में छात्रों के स्क्रीन टाइम पर रोक के बिल पेश किए हैं। कानून के तहत स्कूलों में टेक्नोलॉजी टूल्स की सेफ्टी और उनके प्रभावी होने का सबूत देने का प्रावधान है। पैरेंट्स को बच्चों की पढ़ाई में डिजिटल डिवाइस का उपयोग रोकने का अधिकार होगा। उटा राज्य में स्कूलों को पैरेंट्स के लिए निगरानी सिस्टम मुहैया कराना होंगे। वे जान सकेंगे कि उनके बच्चों ने स्कूल के डिवाइस में कौन सी वेबसाइट देखी या कितना समय बिताया ।
एक स्कूल के उदाहरण से अमेरिका में चल रही हलचल को समझा जा सकता है। मैकफर्सन, कंसास में मैकफर्सन मिडिल स्कूल के प्रिंसिपल इंगे एस्पिंग कई साल से बच्चों के डिजिटल डिवाइस पर रोक की कोशिश कर रहे थे। चार साल पहले उनके स्कूल में बच्चों के मोबाइल फोन पर पाबंदी लगा दी गई। इसके बावजूद कई बच्चे स्कूल द्वारा जारी क्रोमबुक पर यूट्यूब वीडियो देखते या वीडियो गेम खेलते थे। कुछ छात्र स्कूल के जीमेल अकाउंट से अन्य छात्रों की खिंचाई करते थे। दिसंबर में स्कूल ने सभी 480 छात्रों के क्रोमबुक वापस ले लिए। बच्चे अब हाथ से कॉपी में लिखते हैं। लैपटॉप का उपयोग सिर्फ खास गतिविधियों के लिए किया जाता है। मैकफर्सन स्कूल के बाद कई स्कूलों ने डिजिटल डिवाइस पर रोक लगाई है।
यूट्यूब पर ज्यादा चिंता
कुछ पैरेंट्स यूट्यूब के बारे में चिंतित हैं। उनका कहना है, स्कूल डिवाइस पर यह प्लेटफॉर्म बच्चों को अनुचित वीडियो की तरफ ले गया है। कैलिफोर्निया के गवर्नर गैविन न्यूसम ने अभी हाल में चिंता जताई कि उनके बच्चों ने स्कूल के लैपटॉप पर पुरुषों की समस्याओं के पॉडकास्ट यूट्यूब पर देखे हैं।